आईएस जौहर : पटियाला में शादी समारोह में थे, जब बंटवारे की आग ने घर छीन लिया

| Getting your Trinity Audio player ready... |
यदि आपने ‘शागिर्द’ फिल्म देखी है तो आपको जाय मुखर्जी को इश्क से दूर रहने की नसीहत देने वाले प्रोफेसर खूब याद होंगे। वह प्रोफेसर थे आईएस जौहर (IS Johar)।
आपको बता दें कि आई एस जौहर का जन्म 16 फरवरी, 1920 को तोला गंज (अब पाकिस्तान) में हुआ था। उन्होंने डबल एमए किया था।
इसके बाद उन्होंने एलएलबी की भी डिग्री ली। अगस्त, 1947 में वे पटियाला (Patiala) शादी में आए हुए थे, जब भारत का विभाजन हुआ और दंगे शुरू हो गए।
जौहर का तोला गंज का घर भी आग की भेंट चढ़ गया। इसके बाद वे कभी वापस नहीं लौटे। उनकी फैमिली पहले दिल्ली और फिर मुंबई शिफ्ट हो गई।

जबकि उन्होंने जालंधर में भी कुछ समय तक काम किया। इसके बाद मुंबई जाकर उन्होंने फिल्मों में किस्मत आजमाई। ‘एक थी लड़की फिल्म से उनका सफर शुरू हो गया’।
जौहर की 16 फरवरी, 2021 को 101वीं जयंती है। उन्होंने पांच शादी की और सभी तलाक में तब्दील हो गई।
आईएस जौहर (IS Johar) बालीवुड (Bollywood) के एक ऐसे कलाकार रहे, जिन्होंने हास्य अभिनय के साथ ही गंभीर और निगेटिव भूमिकाएं भी बेहतरीन अंदाज में निभाईं।
एक वक्त उनका नाम फिल्मों की सफलता की गारंटी होता था। और कई फिल्मों के टाइटल में तो उनका नाम भी शुमार था। जैसे ‘जौहर-महमूद इन गोवा’, ‘जौहर इन बांबे’ वगैरह।
उन्होंने मिस्टर इंडिया, तीन देवियां, माया, शागिर्द, जॉनी मेरा नाम, सफर, छोटी बहू, त्रिमूर्ति और तीसरी आंख जैसी फिल्मों में शानदार अभिनय किया।
इसके अलावा भारत से विदेशी फिल्मों में काम करने वाले वो शुरुआती अभिनेताओं में से एक रहे।
उन्होंने लॉरेंस ऑफ अरेबिया, डेथ ऑन द नाइल, नॉर्थ-वेस्ट फ्रंटियर और हैरी ब्लैक जैसी फिल्मों में काम किया। वे माया नाम की यूएस फिल्म में भी नजर आए।
उनके नाम पर बाक्स आफिस की टिकट खिड़की पर लाइन लग जाती थी। आज भी पुरानी फिल्मों के शौकीन उन्हें याद करते हैं।
