सुशांत सिंह राजपूत : अंतरिक्ष में दिलचस्पी रखने वाला कलाकार जो अब शायद कहीं तारों के बीच हो

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सन 2008। ‘किस देश में है मेरा दिल’ शुरू हुआ था। लोग उसके एक कलाकार को कहने लगे थे यह लड़का तो हीरो बनेगा। वे  सुशांत सिंह राजपूत (sushant Singh rajput) थे।

लोगों की यह बात सच भी साबित हुई। गट्टू यानी अभिषेक कपूर (Abhishek kapoor) की फिल्म ‘काई पो चे’ से 2013 में यह लड़का बड़े पर्दे पर आया और छा गया।

इसके बाद की कहानी सब जानते हैं। सुशांत सिंह राजपूत (sushant Singh rajput) ने अपनी एक्टिंग से ‘एमएस धोनी-द अनटोल्ड स्टोरी’, पीके, शुद्ध देसी रोमांस, ब्योमकेश बक्शी, राब्ता, छिछोरे आदि फिल्मों में अभिनय के झंडे गाड़े।

और बात फिल्म ‘एमएस धोनी-द अनटोल्ड स्टोरी’ की करें तो इसमें  सुशांत धोनी के किरदार में इस कदर समा गए कि इस अदाकारी के लिए दर्शक उनके फैन हो गए। इस फिल्म के लिए उन्होंने बाकायदा पूर्व क्रिकेटर किरण मोरे (Kiran more) से ट्रेनिंग भी ली।

Sushant Singh rajput एमएस धोनी फिल्म के एक दृश्य में। (फाइल फोटो)
Sushant Singh rajput एमएस धोनी फिल्म के एक दृश्य में। (फाइल फोटो

अपनी फिल्म ‘चंदा मामा दूर के’ के लिए उन्हें नासा (NASA) में भी ट्रेनिंग का अवसर मिला। अंतरिक्ष में दिलचस्पी के चलते इस मौके को पाकर सुशांत बेहद खुश थे।

आपको बता दें कि सुशांत सिंह राजपूत  इंजीनियरिंग (engineering) की पढ़ाई छोड़कर एक्टिंग में कूदे थे।

बचपन में वे एस्ट्रोनॉट (astronaut) या एयर फोर्स (Air Force) में पायलट बनने का ख्वाब देखते थे। यहां तक कि फिजिक्स ओलंपियाड (physics olymiyad) के भी वे विजेता रहे। उन्होंने आईआईटी (IIT) भी निकाला।

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सुशांत सिंह राजपूत को चांद, तारों की दुनिया से इतना लगाव था कि एक बेहद कीमती टेलीस्कोप (telescope) भी खरीदा था।

किसे पता था कि 21 जनवरी, 1986 को पटना में जन्मा फिल्मी दुनिया का यह चमकता सितारा 24 जून 2020 को अस्त हो जाएगा।

सुशांत होते तो 35 साल के हो गए होते। लेकिन अपने चाहने वालों के दिलों में वे आज भी जिंदा हैं। आरोप है कि सुशांत ने मुंबई के अपने फ्लैट में फांसी लगा ली।

पुलिस ने भी मामले में बेशक एफआर लगा दी हो, लेकिन फैंस की नजर में उनकी मौत एक रहस्य ही है।

आपको यह भी बता दें कि उनकी फिल्म ‘केदारनाथ’, जो 5 दिसंबर, 2018 को रिलीज हुई, उस पर उत्तराखंड के 13 में से 7 जिलों में बैन लगा दिया गया था।

आस्था के नाम पर खिलवाड़ और इस फिल्म के जरिए लव-जिहाद को बढ़ावा दिए जाने के कारण गिनाए गए थे। सुशांत ने इस फिल्म में मुस्लिम युवक मंसूर का किरदार अदा किया था।

सुशांत की आखिरी फिल्म ‘दिल बेचारा’ थी। जो उनकी मौत के बाद प्रदर्शित हुई। अफसोस कि कोरोना संक्रमण काल की वजह से यह फिल्म थिएटर का मुंह नहीं देख सकती।

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